एसडीएम से अभद्रता मामले में बिसौली विधायक समेत छह सपा नेता बरी
बदायूं। विधानसभा चुनाव के बाद मंडी समिति में रखी मतपेटियों की सुरक्षा में गेट पर तैनात बिसौली एसडीएम से अभद्रता व खुद ही वाहनों को चेक करना, आचार संहिता के उल्लंघन के मामले में गैर भाजपाइयों पर दर्ज कराये मुकदमे में फैसल के बाद की गई अपील को भी कोर्ट ने खारिज कर दिया। शासन द्वारा की गई अपील को एडीजी 6/ स्पेशल जज गैंगस्टर के न्यायाधीश ऋषि कुमार ने खारिज करते हुये एमपी/एमएलए कोर्ट सिविल जज सीनियर डिवीजन के निर्णय बहाल रखा। जिसमें बिसौली के विधायक आशुतोष मौर्य, सपा जिलाध्यक्ष आशीष यादव, हिमाशुं यादव, रचित गुप्ता, कैप्टन अर्जुन और काजी रिजवान को बरी कर दिया गया था। कोर्ट के फैसल के बाद नेताओं ने खुशी जताई।
वरिष्ठ अधिवक्ता आरवाई नकवी उर्फ गुड्डू व पूर्व डीजीसी क्रमिनल व वरिष्ठ अधिववक्ता मुकेश यादव के मुबाबिक दर्ज कराये गये में बिसौली एसडीएम ज्योति शर्मा 10 मई 2022 रात मंडी समिति के गेट नंबर एक पर तैनात थीं। इसी दौरान गैर भाजपाई दलों के तमाम कार्यकर्ता अपनी-अपनी गाड़ियों से मंडी समिति पहुंच गए। उन्होंने अपने वाहनों को गेट पर लगा दिया। मंडी समिति में आने-जाने का रास्ता ही बंद कर दिया। सभी कार्यकर्ता गाड़ियों से उधर उधर से गुजर रहे वाहनों को तलाशी लेने लगे। इससे मंडी गेट पर जाम की स्थिति बन गई। एसडीएम और पुलिस ने उन्हें रोकने की कोशिश की लेकिन कार्यकर्ता अधिकारियों से ही अभद्रता पर उतारू हो गए। तमाम कार्यकर्ताओं ने मोबाइल निकाल लिए और वीडियो बनाने शुरू कर दिए। साथ ही मंडी में घुसने की कोशिश की। बिसौली एसडीएम के ड्राइवर श्यामवीर ने तमाम लोगों के खिलाफ थाना सिविल लाइंस पुलिस को तहरीर दी। जिस पर पुलिस ने मामला दर्ज कर लिया।
वरिष्ठ अधिवक्ता आरवाई नकवी उर्फ गुड्डू व पूर्व डीजीसी क्रमिनल व वरिष्ठ अधिववक्ता मुकेश यादव के मुबाबिक सिविल लाइंस कोतवाली में तैनात रहे प्रभारी भानुप्रताप सिंह ने विवेचना में बिसौली से सपा प्रत्याशी आशुतोष मौर्य, शेखूपुर से सपा प्रत्याशी हिमांशु यादव, दातागंज से सपा प्रत्याशी कैप्टन अर्जुन, प्रत्याशी काजी रिजवान व सपा जिलाध्यक्ष आशीष यादव को नामजद करते हुये कोर्ट में चार्जशीट लगा दी। जिसके बाद विचारण एमपी/एमएलए कोर्ट सिविल जज सीनियर डिवीजन के न्यायालय में मामले की सुनवाई हुई। जिसमें कोर्ट ने सभी आरोपियों को बरी कर दिया था। फैसले के बाद शासन ने इस मामले की अपील की। जिस पर एडीजी 6/ स्पेशल जज गैंगस्टर कोर्ट ने शासन की अपील को खारिज करते हुए अवर न्यायालय का निर्णय बहाल रखा।

टिप्पणियाँ